सदर रोड बालोद में फिर शुरू हुआ निर्माण कार्य, अतिक्रमण कार्रवाई पर उठे सवाल
दुकानों के सामने दोबारा प्लास्टर और निर्माण की चर्चा, नागरिकों ने मांगी स्पष्टता और जांच

बालोद, 30 मई 2026। शहर के प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्र सदर रोड में हाल ही में प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई थी। इस दौरान दुकानों के सामने सड़क क्षेत्र में किए गए निर्माण, प्लास्टर और अन्य अवैध विस्तार को हटाया गया था। कार्रवाई के बाद सड़क कुछ दिनों तक खुली और व्यवस्थित दिखाई दी, जिससे आम नागरिकों और राहगीरों को राहत मिली थी।
हालांकि अब कार्रवाई के कुछ ही दिनों बाद उसी क्षेत्र में फिर से प्लास्टर और निर्माण कार्य शुरू होने की चर्चा सामने आने लगी है। सड़क किनारे कई स्थानों पर निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा के लिए छत्तीसगढ़ पुलिस विभाग के बैरियर भी लगाए गए हैं। इससे स्थानीय लोगों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि जिन हिस्सों को अतिक्रमण मानकर हटाया गया था, वहां दोबारा निर्माण की अनुमति किस आधार पर दी जा रही है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि अतिक्रमण हटाने के बाद नियमित निगरानी नहीं होगी तो ऐसी कार्रवाइयों का उद्देश्य अधूरा रह जाएगा। लोगों का मानना है कि प्रशासन को स्पष्ट रूप से यह बताना चाहिए कि कौन-सा निर्माण वैध है और कौन-सा अवैध, ताकि भविष्य में विवाद की स्थिति न बने।
सदर रोड शहर का सबसे व्यस्त व्यापारिक मार्ग माना जाता है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग आवागमन करते हैं। ऐसे में सड़क किनारे दोबारा हो रहे निर्माण कार्य भविष्य में यातायात व्यवस्था और पैदल चलने वालों की सुरक्षा के लिए चुनौती बन सकते हैं।
वहीं व्यापारियों का कहना है कि बाजार क्षेत्र में ऐसी व्यवस्था बनाई जानी चाहिए जिससे व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित न हों और शहर की सुंदरता व यातायात व्यवस्था भी बनी रहे। नागरिकों ने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर स्थायी समाधान निकालने की मांग की है।
प्रमुख मांगें
अतिक्रमण हटाने के बाद नियमित निरीक्षण।
दोबारा हो रहे निर्माण कार्यों की जांच।
बाजार क्षेत्र में स्पष्ट सीमा निर्धारण।
प्रशासन और व्यापारियों के बीच बेहतर समन्वय।
सड़क एवं फुटपाथ को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाए रखने की पहल।
जनसंवाद दृष्टिकोण:
व्यवस्थित बाजार, सुरक्षित सड़क और संतुलित विकास ही एक बेहतर शहर की पहचान है। प्रशासनिक कार्रवाई तभी प्रभावी मानी जाएगी जब नियमों का पालन सभी के लिए समान रूप से सुनिश्चित हो।




