जन मुक्ति मोर्चा ने आईओसी प्रबंधन को घेरा, बंद कार्यों की निविदा तत्काल कराने की मांग
ठेका श्रमिकों के रोजगार का मुद्दा उठाते हुए सौंपा स्मरण पत्र; तीन प्रमुख कार्यों की टेंडर प्रक्रिया जल्द पूरी करने की मांग

जन मुक्ति मोर्चा ने आईओसी प्रबंधन को घेरा, बंद कार्यों की निविदा तत्काल कराने की मांग
ठेका श्रमिकों के रोजगार का मुद्दा उठाते हुए सौंपा स्मरण पत्र; तीन प्रमुख कार्यों की टेंडर प्रक्रिया जल्द पूरी करने की मांग
दल्ली राजहरा। जन मुक्ति मोर्चा छत्तीसगढ़ ने दल्ली राजहरा की आईओसी खदानों में निविदा प्रक्रिया लंबित होने का मुद्दा प्रमुखता से उठाते हुए मुख्य महाप्रबंधक (खदान), आईओसी राजहरा को स्मरण पत्र सौंपा। मोर्चा ने बंद एवं निविदा अवधि समाप्त हो चुके कार्यों की नई निविदा प्रक्रिया तत्काल पूरी कराने की मांग की है।
जन मुक्ति मोर्चा ने अपने स्मरण पत्र में कहा कि संगठन द्वारा पूर्व में 4 अगस्त 2026 को भी प्रबंधन को पत्र सौंपकर इस समस्या के समाधान की मांग की गई थी। इसके बावजूद निविदा प्रक्रिया लंबित रहने से संबंधित कार्यों में लगे ठेका श्रमिकों के सामने रोजगार का संकट बना हुआ है।
मोर्चा ने हितकसा डेम स्लाम डिसिल्टिंग कार्य, बीएसपी प्लांट (SBU) तथा कुमार कंस्ट्रक्शन द्वारा संचालित क्रशिंग प्लांट की निविदा प्रक्रिया को लेकर प्रबंधन का ध्यान आकर्षित कराया। पत्र के अनुसार इन कार्यों की निविदा अथवा कार्य अवधि समाप्त हो चुकी है, जिसके चलते कार्य प्रभावित हैं।
श्रमिकों की रोजी-रोटी का सवाल उठाया
जन मुक्ति मोर्चा ने कहा कि उक्त कार्यों से बड़ी संख्या में ठेका श्रमिकों की रोजी-रोटी और रोजगार जुड़ा हुआ है। निविदा प्रक्रिया समय पर पूरी नहीं होने के कारण श्रमिकों के समक्ष बेरोजगारी की स्थिति निर्मित हो रही है। मोर्चा ने प्रबंधन से मांग की कि लंबित निविदाओं को शीघ्र पूरा कर श्रमिकों को रोजगार उपलब्ध कराया जाए।
संगठन ने पूर्व में हुए समझौतों का पालन सुनिश्चित करने तथा श्रमिक हितों को प्राथमिकता देने की मांग भी रखी है।
कार्रवाई नहीं हुई तो संघर्ष की चेतावनी
स्मरण पत्र के माध्यम से जन मुक्ति मोर्चा छत्तीसगढ़ ने स्पष्ट किया कि यदि उक्त मांगों पर शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई नहीं की जाती है, तो मजदूर हित में संगठन लोकतांत्रिक एवं संघर्षात्मक कदम उठाने के लिए बाध्य होगा। मोर्चा ने इसकी जिम्मेदारी प्रबंधन की होने की बात कही है।
स्मरण पत्र के माध्यम से जन मुक्ति मोर्चा ने एक बार फिर आईओसी प्रबंधन के समक्ष ठेका श्रमिकों के रोजगार और लंबित निविदा प्रक्रिया का मुद्दा मजबूती से रखा है।




