बालोद में 30 जुलाई को रचेगा इतिहास! 2.50 लाख माताएं लगाएंगी ‘एक पेड़ महतारी के नाम’
महतारी वंदन योजना की हितग्राही महिलाएं अपने बच्चों के सुरक्षित भविष्य और पर्यावरण संरक्षण का लेंगी संकल्प; जिला प्रशासन ने घर-आंगन से लेकर खेत-खलिहान तक पौधरोपण की अपील की

बालोद में 30 जुलाई को रचेगा इतिहास! 2.50 लाख माताएं लगाएंगी ‘एक पेड़ महतारी के नाम’
महतारी वंदन योजना की हितग्राही महिलाएं अपने बच्चों के सुरक्षित भविष्य और पर्यावरण संरक्षण का लेंगी संकल्प; जिला प्रशासन ने घर-आंगन से लेकर खेत-खलिहान तक पौधरोपण की अपील की
बालोद, 23 जुलाई 2026।
बालोद जिले में 30 जुलाई का दिन पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक ऐतिहासिक अध्याय लिखने जा रहा है। जिला प्रशासन द्वारा पर्यावरण के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए गुरुवार को वृहद वृक्षारोपण अभियान का आयोजन किया जाएगा। इसी कड़ी में ‘महतारी वंदन वृक्षारोपण अभियान’ के तहत जिले की लगभग 2 लाख 50 हजार महिलाएं ‘एक पेड़ महतारी (मां) के नाम’ पौधरोपण कर आने वाली पीढ़ी के सुरक्षित भविष्य की नींव रखने का संकल्प लेंगी।
कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने महतारी वंदन योजना से लाभान्वित जिले की सभी महिलाओं से अपील की है कि वे 30 जुलाई को सुबह 11 बजे अपने घर, बाड़ी, खेत के आसपास, आंगनबाड़ी, पंचायत भवन अथवा उपयुक्त शासकीय स्थानों पर अपनी मां के नाम या अपने बच्चों के सुरक्षित भविष्य की कामना के साथ कम से कम एक पौधा अवश्य लगाएं और उसके संरक्षण की जिम्मेदारी भी निभाएं।
2.50 लाख महिलाएं, 2.50 लाख पौधे और पर्यावरण संरक्षण का बड़ा संकल्प!
कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्धन हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय द्वारा जलशक्ति अभियान ‘कैच द रैन’ के अंतर्गत जल संरक्षण और वृक्षारोपण को बढ़ावा देने के लक्ष्य की दिशा में इस अभियान को महत्वपूर्ण कदम बताया।
उन्होंने जिले की लगभग 2 लाख 50 हजार महतारी वंदन योजना की हितग्राही महिलाओं के साथ-साथ सभी मातृशक्तियों और बालिकाओं से भी इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की है।
पौधा प्रशासन देगा, अब जिम्मेदारी आपकी होगी
जिला प्रशासन की ओर से पौधरोपण के लिए पौधे संबंधित पंचायतों तक निःशुल्क पहुंचाकर वितरित किए जाएंगे। अभियान के दौरान पौधरोपण करते समय पौधे के साथ फोटो लेकर निर्धारित सेल्फी लिंक पर अपलोड करने वाले प्रतिभागियों को पर्यावरण संरक्षण में योगदान के लिए प्रमाण पत्र भी प्रदान किया जाएगा।
एक पौधा मां के नाम… एक पौधा बच्चों के भविष्य के नाम
कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने कहा कि एक पौधा लगाना भले ही छोटा प्रयास दिखाई दे, लेकिन जब लाखों हाथ एक साथ पर्यावरण संरक्षण के लिए आगे बढ़ेंगे तो यही छोटा प्रयास आने वाली पीढ़ियों के लिए मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने जिलेवासियों से अपील की कि 30 जुलाई को बालोद जिले को हरियाली और पर्यावरण संरक्षण के संकल्प से जोड़ते हुए इस अभियान को जनआंदोलन का रूप दें।
30 जुलाई को बालोद में सिर्फ पौधे नहीं लगाए जाएंगे, बल्कि मातृशक्ति के हाथों से आने वाली पीढ़ी के सुरक्षित भविष्य की उम्मीद भी रोपी जाएगी।




